‘चाहे लाठी चलाओ या गोली, हम नहीं झुकेंगे…’ संजय राउत ने सरकार पर मढ़ा तानाशाही का आरोप

महाराष्ट्र

 संजय राउत ने केंद्र सरकार और मुंबई पुलिस के रुख पर तीखा हमला बोलते हुए तानाशाही के आरोप लगाए हैं. मुंबई में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने दो टूक कहा कि युवाओं के विरोध को लाठी, गोली या बंदूक के दम पर नहीं दबाया जा सकता.

मुंबई.
शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सदस्य संजय राउत ने कहा कि विरोध प्रदर्शन को लाठी या ताकत से नहीं रोका जा सकता. उन्होंने कहा कि युवाओं को डराया नहीं जा सकता, चाहे लाठी चलाई जाए या गोली. मुंबई में मीडिया से बात करते हुए संजय राउत ने कहा, “चाहे लाठी हो, गोली हो या बंदूक, आप हमें रोक नहीं सकते. आपने कल जंतर मंतर पर जो हुआ देखा और मुंबई में स्थिति देखी. इतनी तानाशाही थी, फिर भी युवा एकजुट हुए. लोगों ने गिरफ्तारियां दी और जेल गए. लोगों ने पुलिस का सामना किया.”

उन्होंने आगे कहा, “लाठी क्या कर सकती है? आगे बढ़ो और गोलियां चलाओ. आपने गोलियां चलाई हैं और पैलेट गन का भी इस्तेमाल किया है, लेकिन लोग नहीं रुकते. अब प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को जाना होगा. जनवरी और फरवरी तक देश में बड़े बदलाव होने वाले हैं.”
बता दें कि मुंबई के शिवाजी पार्क में 2 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दिपके की अगुवाई में मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया गया था. इस प्रदर्शन की मुख्य मांग सीजेपी द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, विशेषकर मतदाता सूची के पुनरीक्षण और पारदर्शिता पर सवाल उठाना था.
मुंबई पुलिस ने सुरक्षा, ट्रैफिक और साइलेंस जोन होने के कारण शिवाजी पार्क में इस प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया था, फिर भी भारी संख्या में समर्थक वहां एकत्र हुए थे. इसी को लेकर संजय राउत ने सरकार पर तानाशाही का आरोप लगाया है.
वहीं दूसरी ओर, संजय राउत ने कैप्टन स्मित मच्छर की तारीफ की है. उन्होंने कहा, “यह अच्छी बात है. कैप्टन स्मित मच्छार ने बहुत अच्छा काम किया है. उन्होंने एक बहादुर व्यक्ति का काम किया है. जमीन से करीब 35,000 फीट ऊपर ऐसा फैसला लेना और आतंकवादी से लड़ना बहुत बड़ी बात है. वह एक भारतीय हैं, किसी खास राज्य से ताल्लुक रखने वाले नहीं हैं.” संजय राउत ने कहा कि कैप्टन का यह साहस पूरे देश के लिए गर्व की बात है.