देश
गरीबों की तरक्की और विकसित भारत का सपना कैसे पूरा हो? PM मोदी ने बताया; सरकार का जोर ‘जीरो इफेक्ट, जीरो डिफेक्ट’ पर

पीएम मोदी ने मुख्य सचिवों के सम्मेलन में मानव संसाधन, युवा सशक्तिकरण, क्वालिटी गवर्नेंस और भारत को ग्लोबल सर्विसेज जायंट बनाने पर जोर दिया. पीएम मोदी ने कहा कि भारत को हाई-वैल्यू एग्रीकल्चर, बागवानी, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन की तरफ बढ़ना चाहिए ताकि भारत बड़ा फूड एक्सपोर्टर बन सके.
नई दिल्ली.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कहा कि भारत के युवाओं और गरीबों को सशक्त बनाना और मानव संसाधन को मजबूत करना विकसित भारत के लक्ष्य को पाने के लिए सबसे जरूरी है. नई दिल्ली में मुख्य सचिवों के सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इस साल के सम्मेलन की थीम ‘विकसित भारत के लिए मानव संसाधन’ भारत के अगले स्तर के सुधारों पर फोकस को दिखाती है. पीएम मोदी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए बताया कि उन्होंने अधिकारियों से बात की कि प्रशासन मिलकर कैसे भारत को आत्मनिर्भर बना सकता है, गरीबों को सशक्त कर सकता है और विकसित भारत का सपना पूरा कर सकता है.
उन्होंने कहा कि भारत ने ‘सुधार एक्सप्रेस’ पकड़ी है और इसका असली इंजन देश के युवा और जनसंख्या है. उन्होंने जोर दिया कि इसी जनसंख्या को सशक्त बनाना आत्मनिर्भर भारत और गरीबों की तरक्की के लिए जरूरी है. प्रधानमंत्री ने आगे सभी क्षेत्रों में क्वालिटी पर जोर दिया और कहा कि गवर्नेंस, सेवा और मैन्युफैक्चरिंग में क्वालिटी होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि ‘मेड इन इंडिया’ का मतलब क्वालिटी होना चाहिए और सरकार ‘जीरो इफेक्ट, जीरो डिफेक्ट’ के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है.
राज्यों से भी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील
पीएम मोदी ने यह भी बताया कि सरकार में नई वर्क कल्चर लाने और सेवा देने के तरीके में बदलाव के लिए कई कदम उठाए गए हैं, जिसमें नई तकनीक का इस्तेमाल भी शामिल है ताकि लोगों की जिंदगी बेहतर हो सके. सम्मेलन में स्किल डेवलपमेंट, उच्च शिक्षा, युवा सशक्तिकरण, खेल और इससे जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई. पीएम मोदी ने राज्यों से भी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की और कहा कि मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा दें, कारोबार करना आसान बनाएं और सर्विस सेक्टर को मजबूत करें. उन्होंने कहा कि भारत को ग्लोबल सर्विसेज जायंट बनने का लक्ष्य रखना चाहिए.
पीएम मोदी ने यह भी बताया कि सरकार में नई वर्क कल्चर लाने और सेवा देने के तरीके में बदलाव के लिए कई कदम उठाए गए हैं, जिसमें नई तकनीक का इस्तेमाल भी शामिल है ताकि लोगों की जिंदगी बेहतर हो सके. सम्मेलन में स्किल डेवलपमेंट, उच्च शिक्षा, युवा सशक्तिकरण, खेल और इससे जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई. पीएम मोदी ने राज्यों से भी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की और कहा कि मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा दें, कारोबार करना आसान बनाएं और सर्विस सेक्टर को मजबूत करें. उन्होंने कहा कि भारत को ग्लोबल सर्विसेज जायंट बनने का लक्ष्य रखना चाहिए.
‘…ताकि भारत बड़ा फूड एक्सपोर्टर बन’
कृषि पर बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत के पास दुनिया की फूड बास्केट बनने की पूरी क्षमता है. उन्होंने कहा कि हाई-वैल्यू एग्रीकल्चर, बागवानी, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन की तरफ बढ़ना चाहिए ताकि भारत बड़ा फूड एक्सपोर्टर बन सके. शनिवार को भी उन्होंने सम्मेलन की अध्यक्षता की थी जिसमें गवर्नेंस और सुधारों से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई. यह सम्मेलन केंद्र और राज्यों की साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में एक और अहम कदम है.
कृषि पर बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत के पास दुनिया की फूड बास्केट बनने की पूरी क्षमता है. उन्होंने कहा कि हाई-वैल्यू एग्रीकल्चर, बागवानी, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन की तरफ बढ़ना चाहिए ताकि भारत बड़ा फूड एक्सपोर्टर बन सके. शनिवार को भी उन्होंने सम्मेलन की अध्यक्षता की थी जिसमें गवर्नेंस और सुधारों से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई. यह सम्मेलन केंद्र और राज्यों की साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में एक और अहम कदम है.
2022 से हो रहा ये सम्मेलन
इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव पी के मिश्रा, कैबिनेट सचिव टी वी सोमनाथन, नीति आयोग के सदस्य और सभी राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिव शामिल हुए. मुख्य सचिवों का यह राष्ट्रीय सम्मेलन पिछले चार साल से हर साल हो रहा है. पहली बार यह जून 2022 में धर्मशाला, हिमाचल प्रदेश में हुआ था, उसके बाद जनवरी 2023, दिसंबर 2023 और दिसंबर 2024 में नई दिल्ली में हुआ.
इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव पी के मिश्रा, कैबिनेट सचिव टी वी सोमनाथन, नीति आयोग के सदस्य और सभी राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिव शामिल हुए. मुख्य सचिवों का यह राष्ट्रीय सम्मेलन पिछले चार साल से हर साल हो रहा है. पहली बार यह जून 2022 में धर्मशाला, हिमाचल प्रदेश में हुआ था, उसके बाद जनवरी 2023, दिसंबर 2023 और दिसंबर 2024 में नई दिल्ली में हुआ.




