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विवादों में जुनैद खान की ‘महाराज’, मुरैना में हुआ फिल्म का विरोध, मेकर्स को चेतावनी- ‘अगर नहीं लगी रोक तो…’

आमिर खान के बेटे जुनैद खान की डेब्यू फिल्म ‘महाराज’ रिलीज से पहले ही विवादों में घिर गई है. कई हिंदू संगठन फिल्म का विरोध कर रहे हैं. मध्य प्रदेश के मुरैना में ब्राह्मण समाज और वैष्णव संप्रदाय के लोगों ने ‘महाराज’ मूवी का विरोध किया और मेकर्स को चेतावनी दी है कि अगर फिल्म पर रोक नहीं लगी, तो देशभर में आंदोलन किया जाएगा.

नई दिल्ली.

बॉलीवुड सुपरस्टार आमिर खान के बेटे जुनैद खान एक्टिंग में अपना करियर शुरू करने जा रहे हैं. उनकी पहली फिल्म ‘महाराज’ बनकर तैयार है, लेकिन ओटीटी नेटफ्लिक्स पर रिलीज से पहले ही मूवी विवादों में घिर गई है. पिछले कुछ दिनों से कई हिंदू संगठन लगातार फिल्म का विरोध कर रहे हैं. इस कड़ी में आज यानी बुधवार को मध्य प्रदेश के मुरैना में जुनैद की फिल्म ‘महाराज’ के खिलाफ ब्राह्मण समाज और वैष्णव संप्रदाय ने विरोध प्रर्दशन किया और साथ ही मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा.

ब्राह्मण समाज और वैष्णव संप्रदाय के लोगों ने कहा, ‘आमिर खान के बेटे को प्रमोट करने के लिए गलत फिल्म बनाई गई है, जिसमें सनातन धर्म और हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ विष उगला गया है.’  ज्ञापन देने वालों ने फिल्ममेकर्स को चेतावनी दी है कि अगर फिल्म पर रोक नहीं लगाई गई, तो देशभर में उग्र आंदोलन किया जाएगा. उन्होंने कहा कि इस फिल्म में सनातन धर्म श्री वल्लभाचार्य जी और भगवान श्रीकृष्ण के विरुद्ध कई सीन्स दिखाए गए हैं.

सोशल मीडिया पर हो रहा मूवी का विरोध
पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर भी जुनैद खा की फिल्म ‘महाराज’ को लेकर जमकर विरोध हो रहा है. 13 जून को एक्स (ट्विटर) पर बॉयकॉट नेटफ्लिक्स ट्रेंड हुआ था. यूजर्स ने इस हैशटैग के साथ फिल्म पर बैन लगाने की मांग की थी. ‘महाराज’ फिल्म की रिलीज डेट 14 जून, 2024 तय की गई थी, लेकिन भारी विरोध की वजह से अब तक रिलीज नहीं हो पाई है. इसे मल्होत्रा पी. सिद्धार्थ ने किया है. वहीं, फिल्म यश फिल्म्स के बैनर तले बनी है.

सच्ची घटना पर आधारित है फिल्म
‘महाराज’ की कहानी सच्ची घटना से प्रेरित बताई जा रही है. इसमें जुनैद खान पत्रकार और समाज सुधारक करसनदास मुलजी की भूमिका में नजर आएंगे. वहीं, जयदीप अहलावत भी फिल्म का हिस्सा हैं, जो जदुनाथजी बृजरतनजी महाराज के किरदार में दिखेंगे. ‘महाराज’ फिल्म 1862 के महाराज लिबेल केस पर आधारित है, जिसे भारत की महत्वपूर्ण कानूनी लड़ाइयों में से एक माना जाता है.

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